उत्तराखंड दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेस-वे पर नियम तोड़ने वालों पर सख्ती, ANPR कैमरों को ई-चालान सिस्टम से जोड़ा, ओवरस्पीडिंग पर कटे 1,000 से ज्यादा चालान,,,

देहरादून। दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेस-वे पर तेज रफ्तार से गाड़ी चलाने वाले वाहन चालकों के लिए अब नियमों का पालन करना अनिवार्य हो गया है। यातायात पुलिस द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार, इस हाई-स्पीड कॉरिडोर पर निगरानी और कानून प्रवर्तन (enforcement) की प्रक्रिया को बेहद मजबूत कर दिया गया है, जिसका मुख्य उद्देश्य चालकों को निर्धारित गति सीमा (स्पीड लिमिट) और अन्य यातायात नियमों का सख्ती से पालन करने के लिए प्रोत्साहित करना है।
ऑटोमैटिक नंबर प्लेट रिकग्निशन (ANPR) कैमरों से जुड़ी सख्ती
अब राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र में रजिस्टर्ड वाहनों के लिए दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेस-वे पर गति सीमा का उल्लंघन करना आसान नहीं होगा। इसके लिए दिल्ली ट्रैफिक पुलिस ने एक्सप्रेस-वे पर स्थापित ऑटोमैटिक नंबर प्लेट रिकग्निशन (ANPR) कैमरों को अपने ई-चालान सिस्टम के साथ एकीकृत (integrate) कर दिया है।
अधिकारियों के अनुसार, इस आधुनिक तकनीक के माध्यम से तेज गति से वाहन चलाने वाले वाहनों की पहचान अत्यंत सहजता से की जा रही है और तुरंत चालानी कार्रवाई सुनिश्चित की जा रही है।
नई तकनीक से अब तक 1,000 से अधिक चालान जारी
आधिकारिक बयान के मुताबिक, हाई-स्पीड कॉरिडोर के विभिन्न हिस्सों में लगाए गए ANPR कैमरे वाहनों की नंबर प्लेट की स्पष्ट तस्वीरें कैद करते हैं और ओवरस्पीडिंग करने वालों का स्वतः पता लगाते हैं। इसके आधार पर दिल्ली ट्रैफिक पुलिस का ई-चालान सिस्टम तुरंत कार्रवाई करता है। इस उन्नत टेक्नोलॉजी-आधारित व्यवस्था के परिणामस्वरुप अब तक गति सीमा का उल्लंघन करने वाले वाहन चालकों को 1,000 से अधिक चालान और नोटिस जारी किए जा चुके हैं।
मैन्युअल निगरानी पर निर्भरता हुई कम
यातायात पुलिस का कहना है कि इन कैमरों को सीधे ई-चालान प्रणाली से जोड़े जाने से नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ त्वरित कार्रवाई करना बहुत आसान हो गया है। इससे दिल्ली को उत्तराखंड की राजधानी देहरादून से जोड़ने वाले इस प्रमुख एक्सप्रेस-वे के हाई-स्पीड हिस्सों पर मैन्युअल रूप से चालान काटने और निगरानी रखने की निर्भरता काफी हद तक कम हो गई है।
प्रशासन ने सभी वाहन चालकों से अपील की है कि वे अपनी और दूसरों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए तय गति सीमा का पालन करें और जिम्मेदार नागरिक का परिचय दें।

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