October 31, 2026

उत्तराखंड पुलिस का बदला स्वरूप,सीएम धामी ने नए लोगो और सेरेमोनियल वर्दी का किया अनावरण, ‘कर्म सत्यं शौर्यम्’ बना नया ध्येय वाक्य,,,,,,,

उत्तराखंड पुलिस का बदला स्वरूप,सीएम धामी ने नए लोगो और सेरेमोनियल वर्दी का किया अनावरण, ‘कर्म सत्यं शौर्यम्’ बना नया ध्येय वाक्य,,,,,,,

18 साल बाद बदली उत्तराखंड पुलिस की पहचान

​देहरादून,देवभूमि उत्तराखंड की सुरक्षा का जिम्मा संभालने वाली राज्य पुलिस को आखिरकार करीब 18 वर्षों के लंबे अंतराल के बाद एक बिल्कुल नई और आधुनिक पहचान मिल गई है। शनिवार को मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने पुलिस मुख्यालय में आयोजित एक भव्य और गरिमामयी समारोह के दौरान उत्तराखंड पुलिस के नए ध्वज, प्रतीक चिह्न (लोगो), फॉरमेशन साइन, इंसिग्निया और सेरेमोनियल वर्दी का औपचारिक अनावरण किया। वर्ष 2008 के बाद पुलिस की पहचान में किया गया यह बदलाव राज्य पुलिस बल के आधुनिकीकरण की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम माना जा रहा है।

​प्रतीक चिह्न में दिखी हिमालय की झलक और नया ध्येय वाक्य

​इस नए स्वरूप में उत्तराखंड की भौगोलिक विशिष्टता और पुलिस बल के मूल कर्तव्यों का अनूठा समन्वय देखने को मिलता है। अनावरण किए गए नए प्रतीक चिह्न और ध्वज में राष्ट्रीय प्रतीक अशोक स्तंभ के साथ-साथ देवभूमि के गौरव हिमालय की चोटियों की प्रेरणादायी झलक को खूबसूरती से उकेरा गया है। इसके साथ ही, पुलिस बल का नया ध्येय वाक्य ‘कर्म सत्यं शौर्यम्’ घोषित किया गया है, जो हर परिस्थिति में कर्तव्यनिष्ठा, सत्यता और अदम्य साहस के साथ जनता की सेवा करने का स्पष्ट संदेश देता है।

​6 नवंबर को मिलेगा ‘राष्ट्रपति पुलिस कलर’ सम्मान

​समारोह के दौरान मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने एक बड़ा ऐलान करते हुए बताया कि आगामी 6 नवंबर को उत्तराखंड पुलिस को उसकी उत्कृष्ट सेवाओं, अनुशासन और उपलब्धियों के लिए देश के प्रतिष्ठित ‘राष्ट्रपति पुलिस कलर’ (President’s Police Colour) से अलंकृत किया जाएगा। यह उत्तराखंड पुलिस के इतिहास में एक मील का पत्थर साबित होगा।

​नई वर्दी में पहली बार मार्च पास्ट करेंगे जवान

​मुख्यमंत्री ने जानकारी दी कि 6 नवंबर को आयोजित होने वाली भव्य परेड इस ऐतिहासिक परिवर्तन की गवाह बनेगी। इस विशेष अवसर पर पुलिस के जवान पहली बार इसी नई सेरेमोनियल वर्दी और नए साजो-सामान के साथ मार्च पास्ट करते नजर आएंगे। पारंपरिक खाकी के साथ इस नई वर्दी में विशेष अवसरों के लिए आकर्षक सेरेमोनियल सैश और उन्नत इंसिग्निया को शामिल किया गया है।

​जनसेवा और कानून-व्यवस्था के नए मानक होंगे स्थापित

​कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री धामी ने पूरी पुलिस फोर्स को इस ऐतिहासिक बदलाव की बधाई दी। उन्होंने विश्वास जताया कि यह नई पहचान पुलिसकर्मियों के भीतर एक नया जोश, ऊर्जा और आत्मबल पैदा करेगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि यह परिवर्तन केवल पहनावे या लोगो तक सीमित नहीं है, बल्कि यह राज्य में कानून-व्यवस्था, अपराध नियंत्रण और जनसेवा के और अधिक ऊंचे व कड़े मानक स्थापित करने की दिशा में एक सशक्त पहल है। इस अवसर पर कई वरिष्ठ पुलिस अधिकारी और शासन के गणमान्य लोग भी मौजूद रहे।

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