September 23, 2026

उत्तराखंड के चंपावत में पहली बार होगी प्रदेश मंत्रिमंडल की अहम बैठक, मुख्यमंत्री के गृह क्षेत्र में तैयारिया जोरो पर,,,,

उत्तराखंड के चंपावत में पहली बार होगी प्रदेश मंत्रिमंडल की अहम बैठक, मुख्यमंत्री के गृह क्षेत्र में तैयारिया जोरो पर,,,,

देहरादून। आगामी विधानसभा चुनावों को देखते हुए उत्तराखंड सरकार ने अपनी सक्रियता बढ़ा दी है। इसी कड़ी में प्रदेश मंत्रिमंडल की एक महत्वपूर्ण बैठक आगामी 4 अक्टूबर को मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत एनएचपीसी, बनबसा (चंपावत) में प्रस्तावित की गई है।

​यह ऐतिहासिक अवसर है जब चंपावत जिले में पहली बार कैबिनेट की बैठक आयोजित होने जा रही है। इस उच्चस्तरीय बैठक में प्रदेश से जुड़े कई महत्वपूर्ण नीतिगत प्रस्तावों पर गहन चर्चा के बाद मुहर लगने की संभावना है।

🟢 राजनीतिक और विकासात्मक दृष्टि से महत्वपूर्ण पहल

​मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में मंत्रिमंडल का देहरादून से बाहर चंपावत पहुंचना राजनीतिक रूप से बेहद अहम माना जा रहा है। चुनाव के नजदीक होने के कारण इस बैठक के माध्यम से सरकार प्रदेश की जनता को क्षेत्र के संतुलित विकास और सुशासन का कड़ा संदेश देने का प्रयास करेगी।

🟢 देहरादून से बाहर कैबिनेट बैठक की परंपरा

​राजधानी से बाहर जाकर मंत्रिमंडल की बैठकें करने की यह परंपरा उत्तराखंड में नई नहीं है। इससे पहले भी विभिन्न सरकारों के कार्यकाल में राज्य के कई अन्य जिलों और महत्वपूर्ण स्थलों पर कैबिनेट बैठकें आयोजित की जा चुकी हैं:

  • रमेश पोखरियाल ‘निशंक’ कार्यकाल: हरिद्वार में बैठक का आयोजन।
  • विजय बहुगुणा कार्यकाल: गैरसैंण में ऐतिहासिक बैठक।
  • हरीश रावत सरकार: हरिद्वार, अल्मोड़ा और केदारनाथ में बैठकों का सफल आयोजन।
  • त्रिवेंद्र सिंह रावत सरकार: टिहरी झील के कोटी कॉलोनी स्थित फ्लोटिंग मरीना और पौड़ी में मंत्रिमंडल की बैठकें।

​विशेष उल्लेखनीय है कि पूर्व की इन बैठकों में हमेशा संबंधित क्षेत्रों से जुड़ी स्थानीय समस्याओं और विकास विषयों को विशेष प्राथमिकता दी गई है। यही वजह है कि अब चंपावत में होने वाली इस आगामी बैठक में सरकार किन बड़े और अहम नीतिगत निर्णयों पर मुहर लगाती है, इस पर पूरे प्रदेश की निगाहें टिकी हुई हैं।

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