उत्तराखंड हरिद्वार पुलिस की कांवड़ एडवाइजरी, हथियार, जुगाड़ वाहन और रेट्रो साइलेंसर पर पूर्ण प्रतिबंध, नियमों के उल्लंघन पर होगी सख्त कार्रवाई,,,,

हरिद्वार। विश्वप्रसिद्ध कांवड़ यात्रा को सुरक्षित, सुव्यवस्थित और शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए हरिद्वार पुलिस ने श्रद्धालुओं के लिए एक विस्तृत गाइडलाइन (एडवाइजरी) जारी की है। पुलिस प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि इस बार यात्रा के दौरान किसी भी प्रकार के जुगाड़ वाहनों, रेट्रो साइलेंसर (तेज आवाज वाले पटाखे छोड़ने वाले साइलेंसर), भाले, त्रिशूल, तलवार और अन्य घातक हथियारों के साथ मेला क्षेत्र में प्रवेश पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगा। नियमों की अनदेखी करने वालों के खिलाफ पुलिस बेहद सख्त कानूनी रुख अख्तियार करेगी।
कांवड़ और झांकियों की ऊंचाई तय, हादसों को रोकने की कवायद
यातायात व्यवस्था को सुचारू रखने और बिजली के तारों से होने वाले हादसों को रोकने के लिए पुलिस ने कांवड़ की ऊंचाई को लेकर कड़े नियम बनाए हैं।
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- पैदल कांवड़: अधिकतम ऊंचाई 6 फीट निर्धारित की गई है।
- कांवड़ झांकी: अधिकतम ऊंचाई 10 फीट तय की गई है।
प्रशासन की अपील: वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक नवनीत सिंह भुल्लर ने सभी शिवभक्तों से अपील की है कि वे इस पावन यात्रा को सुरक्षित, अनुशासित और सकुशल बनाने में पुलिस प्रशासन का सहयोग करें।
हुड़दंग और नशाखोरी पर रहेगी पैनी नजर
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक नवनीत सिंह भुल्लर ने बताया कि जिला प्रशासन के साथ मिलकर लाखों श्रद्धालुओं की सुरक्षा, भीड़ प्रबंधन और सुगम यातायात के लिए व्यापक तैयारियां की गई हैं। उन्होंने चेतावनी दी कि ध्वनि प्रदूषण फैलाने, तेज आवाज वाले साइलेंसर का प्रयोग करने या यातायात बाधित करने वालों पर तत्काल कार्रवाई होगी।
इसके साथ ही, बाबा भोले की नगरी में शराब या किसी भी प्रकार के मादक पदार्थों का सेवन पूरी तरह वर्जित रहेगा। नशे की हालत में पकड़े जाने पर सख्त से सख्त विधिक कार्रवाई की जाएगी।
रेल यात्रियों के लिए विशेष चेतावनी और अन्य जरूरी नियम
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- वैध पहचान पत्र अनिवार्य: सभी कांवड़ यात्रियों को यात्रा के दौरान अपने साथ एक वैध पहचान पत्र (जैसे आधार कार्ड, वोटर आईडी आदि) रखना अनिवार्य होगा।
- ट्रेन की छत पर सफर प्रतिबंधित: रेलमार्ग से आने वाले यात्रियों को विशेष रूप से सचेत किया गया है कि चलती ट्रेन की छत या अन्य असुरक्षित स्थानों पर बैठकर यात्रा करना कानूनन अपराध है। ऐसा करने वालों को हिरासत में लिया जा सकता है।
- सौहार्द बनाए रखने की अपील: एसएसपी ने सभी श्रद्धालुओं से आपसी भाईचारा बनाए रखने, किसी भी प्रकार के विवाद या मारपीट से बचने तथा ड्यूटी पर तैनात पुलिसकर्मियों का सहयोग करने का आग्रह किया है।
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पुलिस प्रशासन का कहना है कि कांवड़ यात्रा अगाध आस्था का महापर्व है, और इसे सुरक्षित व यादगार तभी बनाया जा सकता है जब सभी शिवभक्त निर्धारित नियमों और अनुशासन का पालन करें।

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