October 11, 2026

उत्तराखंड 14 अक्टूबर तक पर्वतीय क्षेत्रों में हल्की बारिश और बर्फबारी के आसार, 15 से बदलेगा पूरे प्रदेश का मौसम,,,

उत्तराखंड 14 अक्टूबर तक पर्वतीय क्षेत्रों में हल्की बारिश और बर्फबारी के आसार, 15 से बदलेगा पूरे प्रदेश का मौसम,,,

​देहरादून। उत्तराखंड में अगले चार दिनों तक मौसम में किसी बड़े बदलाव की संभावना नहीं है, हालांकि पर्वतीय क्षेत्रों में हल्की वर्षा और अधिक ऊंचाई वाले इलाकों में बर्फबारी का दौर जारी रह सकता है। मौसम विज्ञान केंद्र, देहरादून के अनुसार, 11 से 14 अक्टूबर के बीच प्रदेश के किसी भी जिले के लिए भारी बारिश का कोई अलर्ट जारी नहीं किया गया है। वहीं, 15 और 16 अक्टूबर को पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से राज्य भर में मौसम का मिजाज बदलने और बारिश-बर्फबारी की गतिविधियों में तेजी आने का पूर्वानुमान है।

​🟢 14 अक्टूबर तक पर्वतीय हिस्सों में सीमित असर

मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार:

  • ​11 अक्टूबर: देहरादून, उत्तरकाशी, चमोली, रुद्रप्रयाग, टिहरी, बागेश्वर और पिथौरागढ़ के पहाड़ी इलाकों में गरज-चमक के साथ हल्की बारिश हो सकती है। 3,500 मीटर या उससे अधिक ऊंचाई वाले क्षेत्रों में हल्की बर्फबारी की संभावना है।
  • ​12 से 14 अक्टूबर: देहरादून, टिहरी, उत्तरकाशी, चमोली, रुद्रप्रयाग, बागेश्वर, पिथौरागढ़ और नैनीताल के ऊंचाई वाले हिस्सों में छिटपुट बारिश और चोटियों पर बर्फबारी जारी रह सकती है। राज्य के मैदानी और शेष हिस्सों में मौसम आमतौर पर शुष्क बना रहेगा।

​🟢 15 और 16 अक्टूबर को प्रदेश भर में सक्रिय होगा मौसम

मौसम केंद्र के अनुसार 15 अक्टूबर से मौसम करवट लेगा। इस दौरान प्रदेश के सभी जनपदों में कुछ स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश और गरज-चमक की संभावना जताई गई है। इसके अतिरिक्त, ऊंची चोटियों पर ताजा बर्फबारी देखने को मिल सकती है। 16 अक्टूबर को विशेष रूप से कुमाऊं मंडल के जिलों में मौसम का असर अधिक रहने का अनुमान है।

​🟢 प्रमुख शहरों का तापमान स्थिति

वर्तमान में प्रदेश के प्रमुख शहरों में तापमान सामान्य स्तर के आसपास बना हुआ है:

  • ​देहरादून: अधिकतम 29.4°C | न्यूनतम 19.5°C
  • ​पंतनगर: अधिकतम 29.4°C | न्यूनतम 19.9°C
  • ​मुक्तेश्वर: अधिकतम 19.9°C | न्यूनतम 9.9°C
  • ​नई टिहरी: अधिकतम 20.4°C | न्यूनतम 10.2°C

​🟢 यात्रियों के लिए सलाह

फिलहाल 14 अक्टूबर तक किसी गंभीर चेतावनी की स्थिति नहीं है, लेकिन 15 अक्टूबर से संभावित मौसमी बदलाव और ऊंचाई वाले क्षेत्रों में ठंड व बर्फबारी को देखते हुए चारधाम यात्रा तथा पर्वतीय क्षेत्रों के भ्रमण पर निकले पर्यटकों और तीर्थयात्रियों को स्थानीय मौसम पूर्वानुमान के अनुसार ही अपनी यात्रा की योजना बनाने की सलाह दी गई है।

​(स्रोत: मौसम विज्ञान केंद्र, देहरादून — भारतीय मौसम विज्ञान विभाग)

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